चुप रह कर भी ये, सब कुछ कहती है सब कुछ कह कर भी, चुप ही रहती है कभी आँखों से कर के इशारा कभी बाहों का दे के सहारा मेरा इन राहों से है रिश्ता कोई अनजाना सा पुराना किस्सा कोई इनसे जो पूछो तो कहेंगी ये मेरी कहानी ♪ ओ, taxi के भँवरे हैं गा रहे किनती जल्दी में हैं जा रहे मंज़िल कहाँ है, ना किसी को है पता Train की घंटी इशारों में किस्से किसी के छुपा रही है दिल से सुनो तो ये सब कुछ देगी बता मेरा इन राहों से है रिश्ता कोई अनजाना सा पुराना किस्सा कोई इनसे जो पूछो तो कहेंगी ये मेरी कहानी ♪ सड़कों पर इसके सपने चलते हैं सौ खो जाते हैं, दो सच बनते हैं यही राहें कभी ज़ंजीरें कभी हाथों की ये लकीरें मेरा इन राहों से है रिश्ता कोई (रिश्ता कोई) अनजाना सा पुराना किस्सा कोई (किस्सा कोई) इनसे जो पूछो तो कहेंगी ये मेरी कहानी